जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ में नियमों की अनदेखी, दिव्यानंद तिवारी सालों से एक ही पद पर जमे

मनेन्द्रगढ़, जिला,एमसीबी जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ में प्रशासनिक नियमों की अनदेखी का एक बड़ा मामला सामने आया है। यहां के अधिकारी दिव्यानंद तिवारी कई वर्षों से एक ही पद पर बने हुए हैं, जबकि सरकारी नियमों के अनुसार, किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को एक ही स्थान पर लंबे समय तक पदस्थ नहीं रखा जा सकता।क्या कहता है नियम,छत्तीसगढ़ शासन के सेवा नियमों के अनुसार, किसी भी सरकारी कर्मचारी या अधिकारी का एक ही स्थान पर वर्षों तक पदस्थ रहना अनुचित माना जाता है। आमतौर पर, कर्मचारियों का 3 से 5 साल के भीतर स्थानांतरण किया जाना आवश्यक होता है, जिससे प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता बनी रहे और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की गुंजाइश न रहे। लेकिन जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ में इस नियम की अवहेलना कर दी गई है।स्थानीय लोग क्यों चिंतित?
स्थानीय नागरिकों और कर्मचारियों का कहना है कि इतने लंबे समय तक एक ही पद पर रहने से कार्यप्रणाली में निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है। कई लोग यह भी सवाल उठा रहे हैं कि आखिर किन कारणों से दिव्यानंद तिवारी का स्थानांतरण नहीं हो रहा? क्या यह किसी राजनीतिक प्रभाव का नतीजा है, या फिर विभागीय मिलीभगत का मामला,प्रशासनिक चुप्पी पर उठ रहे सवाल
जब इस मामले पर जिला प्रशासन से प्रतिक्रिया मांगी गई, तो कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिला। अधिकारियों का कहना है कि स्थानांतरण प्रक्रिया उच्च स्तर से तय की जाती है, लेकिन सवाल यह उठता है कि जब अन्य कर्मचारियों का तबादला समय-समय पर किया जाता है, तो दिव्यानंद तिवारी पर यह नियम क्यों लागू नहीं होता,जांच और कार्रवाई की मांग
अब स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने इस मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उनका कहना है कि अगर यह प्रशासनिक लापरवाही है, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए, और यदि कोई राजनीतिक दबाव है, तो इसकी भी निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए।
अब देखना यह है कि क्या शासन-प्रशासन इस मामले में कोई ठोस कदम उठाता है या फिर यह मामला भी अन्य शिकायतों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा? जनता को उम्मीद है कि जल्द ही इस पर उचित कार्रवाई होगी और नियमों के अनुसार स्थानांतरण नीति को लागू किया जाएगा