धमतरी/शासन के निर्देशानुसार जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों में 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक स्वस्थ नारी-सशक्त परिवार अभियान संचालित किया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य गर्भवती माताओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना एवं मातृ मृत्यु दर को कम करना है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यू.एल. कौशिक ने बताया कि प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व कार्यक्रम के अंतर्गत 24, 25 और 26 सितम्बर को लगातार जांच शिविर आयोजित किए गए। जिले की 30 स्वास्थ्य संस्थाओं में विशेषज्ञ चिकित्सकों और चिकित्सा अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है, जिनकी निगरानी में गर्भवती माताओं की स्वास्थ्य जांच की जा रही है।

अभियान के दौरान न केवल सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण किया जा रहा है, बल्कि उच्च जोखिम वाली गर्भवतियों की पहचान भी की जा रही है। अब तक 4 हजार में से 2261 गर्भवती माताओं की जांच पूरी हो चुकी है। इनमें से 138 गर्भवतियां उच्च जोखिम श्रेणी में पाई गईं, जिनमें से 37 का निःशुल्क सोनोग्राफी परीक्षण निजी सोनोग्राफी संस्थाओं के सहयोग से कराया जा चुका है।

इसके साथ ही महिलाओं को पोषण, परिवार नियोजन और प्रसव पूर्व देखभाल संबंधी परामर्श भी दिया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि अभियान के शेष दिनों में अधिक से अधिक गर्भवती माताओं को जांच और परामर्श से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।



